🔘 बेजुबान पर बरसीं ईंटें, इंसानियत हुई शर्मसार! लखीमपुर में स्वान से क्रूरता का वीडियो वायरल, पशु प्रेमियों ने थाने में दी तहरीर
लखीमपुर-खीरी। जिस जीव के पास अपनी पीड़ा कहने के लिए शब्द नहीं, उसी निरीह प्राणी पर जब इंसानी हाथ पत्थर और ईंट लेकर टूट पड़ें, तो सवाल केवल पशु क्रूरता का नहीं, बल्कि इंसानियत के जमीर का बन जाता है। लखीमपुर के कमलापुर क्षेत्र से सामने आए एक कथित वीडियो ने पशु प्रेमियों को झकझोर दिया है। वीडियो में कुछ युवक एक निराश्रित स्वान को पकड़कर उसके साथ कथित रूप से बेरहमी करते और ईंटों से प्रहार करते दिखाई दे रहे हैं।
वीडियो के अनुसार, स्वान को कुछ लोगों ने एक राय होकर सामने लाकर पकड़ रखा है और उसके सिर व शरीर पर लगातार ईंटों से वार किए जा रहे हैं। विशेष रूप से सिर पर किए गए प्रहारों को लेकर पशु प्रेमियों ने गंभीर चिंता जताई है। उनका कहना है कि इस कथित क्रूरता के कारण बेजुबान पशु के सिर और मुंह पर गंभीर चोटें आई हैं। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद पशु प्रेमियों में भारी आक्रोश व्याप्त है।
उनका कहना है कि निराश्रित और बेजुबान पशुओं के साथ हिंसा किसी भी सभ्य समाज के लिए कलंक है। यदि ऐसे कृत्यों पर समय रहते कठोर कार्रवाई नहीं हुई तो पशुओं के प्रति क्रूरता का दुस्साहस बढ़ सकता है। इसी मामले को लेकर शहर की सक्रिय एनिमल लवर सोसायटी से जुड़े पशु प्रेमियों ने सदर कोतवाली में तहरीर देकर मुकदमा दर्ज करने और आरोपियों के विरुद्ध विधिसम्मत कार्रवाई की मांग की है। तहरीर में रितिमा जयसवाल, सिद्धांत टंडन, नूतन मिश्रा, प्रशांत लाला, गोलू जोशी और राजदीप के नाम प्रार्थी के रूप में दर्ज हैं।
वहीं तहरीर में वीडियो एवं स्थानीय जानकारी के आधार पर संबंधित व्यक्तियों की पहचान करते हुए उनके विरुद्ध कार्रवाई की मांग की गई है। तहरीर में सुधीर, हीरा के लड़के, किशोरी के लड़के तथा बांके ड्राइवर का उल्लेख किया गया है। पशु प्रेमियों ने पुलिस से मांग की है कि वीडियो की सत्यता और उसमें दिखाई दे रहे व्यक्तियों की पहचान की जांच कर एफआईआर दर्ज की जाए, घायल पशु को तत्काल चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराई जाए और दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।
तहरीर में भारतीय न्याय संहिता, 2023 की संबंधित धाराओं तथा Prevention of Cruelty to Animals Act, 1960 के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की मांग भी की गई है। अब निगाहें पुलिस की कार्रवाई पर हैं क्या बेजुबान की चीख कानून के दरवाजे तक पहुंचेगी और ईंटों से घायल उस निरीह स्वान को इंसाफ मिलेगा? पशु प्रेमियों का आक्रोश इसी सवाल का जवाब मांग रहा है।
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