लखीमपुर। मेला रोड स्थित बीपीएस पब्लिक स्कूल का प्रांगण की सुबह बच्चों की खिलखिलाहट, शिक्षकों के स्नेह और संस्कारों की मधुर गूँज से सराबोर था। अवसर था बाल दिवस का, जिसे विद्यालय परिवार ने पूरे उत्साह, भावनात्मक ऊर्जा और रचनात्मकता के साथ मनाया।
कार्यक्रम का प्रारम्भ शिक्षकों एवं शिक्षिकाओं द्वारा प्रस्तुत विशेष प्रार्थना सभा से हुआ। जीवन मूल्यों और सदाचार से परिपूर्ण इस सत्र में शिक्षकों ने लघु नाटिका, समूहगान, सामूहिक नृत्य, भाषण और सुवचनों के माध्यम से बच्चों को जीवन के बड़े पाठ सहज शैली में समझाए। बच्चों के चेहरों पर उत्साह और विस्मय का भाव इस बात की गवाही दे रहा था कि यह अनूठा प्रयास उनके दिलों पर गहरी छाप छोड़ रहा है। इसके बाद विद्यालय प्रांगण खेलों की रोमांचक प्रतिस्पर्धाओं से जीवंत हो उठा।
नर्सरी से कक्षा 2 तक के बच्चों के लिए आयोजित ‘Eat and Win’ प्रतियोगिता कार्यक्रम का सबसे मनमोहक आकर्षण बनी। नन्हें प्रतिभागियों का उत्साह, उनकी मासूम कोशिशें और विजय की चमक, हर दर्शक के चेहरे पर मुस्कान छोड़ गई। कक्षा 3 से 12 तक के विद्यार्थियों के बीच विविध दौड़ प्रतियोगिताओं ने स्वस्थ प्रतिस्पर्धा और खेल भावना का अद्भुत उदाहरण प्रस्तुत किया। मैदान में दौड़ते कदम जैसे बच्चों के सपनों को पंख दे रहे हों। विजयी प्रतिभागियों को प्रधानाचार्या नीलम अवस्थी द्वारा मेडल पहनाकर सम्मानित किया गया। उनके स्नेहिल आशीर्वाद ने बच्चों को और अधिक मेहनत व अनुशासन की प्रेरणा दी। अपने संबोधन में प्रधानाचार्या ने कहा यह समय बच्चों को सुनने का है… समझने का है। उनकी ज़िंदगी में चल रहे संघर्ष, उनकी अधूरी जरूरतें, उनके अधिकार इन सबको देखने और महसूस करने की जिम्मेदारी हम सभी की है। यदि हम मिलकर प्रयास करें, तो इस धरती को अपने बच्चों के लिए और अधिक सुरक्षित, संवेदनशील और आशामय बना सकते हैं। कार्यक्रम के समापन पर विद्यार्थियों को गिफ्ट पैक वितरित किए गए, जिसने उनके उल्लास में और रंग भर दिए। बीपीएस पब्लिक स्कूल में मनाया गया यह बाल दिवस न केवल उत्सव था, बल्कि बच्चों के मन, उनकी मुस्कान और उनके सपनों को समर्पित एक सुंदर, सार्थक और प्रेरणादायक संदेश भी।
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