आदरणीय कायस्थ बंधुओं,
वर्तमान परिस्थिति में कायस्थ समाज को राजनीतिक रूप से कमजोर करने की साजिश की जा रही है जिसके बारे में विभिन्न संगठन व समाज के नेता भाषण देकर समाज को एकजुट करने की बात कहते हैं लेकिन सही मायने में जैसा कि स्वर्गीय राजू श्रीवास्तव अभिनेता ने कहा कि जब समाज का व्यक्ति उच्च पद पर पहुंच जाता है तो वह कायस्थ समाज के लोगों को पहचानने से भी इंकार कर देता है और यही कारण है कि राजनीतिक दलों में कायस्थ समाज की पहचान लुप्त होती जा रही है कोई भी बड़ा नेता समाज के किसी भी कार्यकर्ता व सामाजिक व्यक्ति को आगे नहीं बढ़ाता है जिससे समाज में शिथिलता पैदा हो रही है जिस जाति के लोग राजनीति में लुप्त हो रहे हैं उन्हीं जातियों का शोषण होता है और यही कारण है की हर बार कायस्थ समाज के लोगों का शोषण हो रहा है अभी हाल की अयोध्या में जो बच्ची के साथ अन्याय हुआ उस घटना
ने पूरे विश्व के कायस्थ समाज को हिला कर रख दिया है लेकिन राजनीतिक पटल पर अपनी पहचान बनाने वाले सदन के अंदर बाहर कोई नेता आवाज नहीं उठा पा रहे हैं इसलिए इस परिस्थिति में हम सबको पुनः यह विचार करना होगा कि समाज को कैसे लोगों के नेतृत्व आवश्यकता है चापलूसी और पिछलग्गुपन छोड़कर इतना मजबूत संगठन तैयार किया जाए जिससे कोई भी सरकार व राजनैतिक संगठन समाज की अवहेलना ना कर सके निषाद,राजभर,कुर्मी,विश्वकर्मा समाज व अन्य को देखिए एकजुटता के कारण कई विधायक,सांसद मंत्री बन गए हैं अगर देखें तो इन सबके नेताओं ने राजनीतिक दलों पर अपना शिकंजा कसकर अपनी राजनीतिक शख्सियत को बढ़ा रहे हैं और हम लोगों को कुछ संगठन इस्तेमाल करके कायस्थ समाज को मजबूत नहीं कर पा रहे हैं हमें पुनर्विचार करना होगा आगामी 2024 लोकसभा चुनाव एकजुटता दिखाकर देश में कायस्थ समाज को मजबूती की ओर ले जाना है हम लोग संकल्प लें भगवान चित्रगुप्त जी के वंशज एकजुटता के साथ इस विषम परिस्थिति में किसी भी तरह की विपदा अपने समाज पर नहीं आने देंगे एकजुटता के साथ मजबूती से खड़े रहेंगे।
मनोज सक्सेना(एडवोकेट)
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष
अखिल भारतीय कायस्थ महासभा
आप बिलकुल सत्य कहे रहे है
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