मायके के पते से निवास प्रमाण का आवेदन रद होते ही तहसील पहुंची महिला, लेखपाल पर सरेआम 3 बार तान दिया चप्पल व 1 बार थप्पड़, पत्रकार का छीनने लगी मोबाइल
सैदपुर तहसील स्थित तहसीलदार कार्यालय के बाहर शुक्रवार की अपराह्न 3 बजे तब भीड़ जुट गई, जब विभिन्न कारणों के साथ लेखपाल द्वारा एक महिला का निवास प्रमाणपत्र का आवेदन खारिज करने के बाद उक्त महिला ने लेखपाल के साथ अभद्रता करने के साथ ही 3 बार सार्वजनिक रूप से चप्पल उठा लिया। जिसके बाद हड़कंप मच गया। इस घटना के बाद लेखपाल एकजुट हो गए। हालांकि बाद में महिला वहां से चली गई। मूलतः धनईपुर के रसूलपुर निवासिनी अंशु यादव की शादी हो गई थी लेकिन किन्हीं वजहों से वहां संबंध ठीक नहीं चला, जिसके चलते दंपति में अलगाव की स्थिति पैदा हो गई। जिसके चलते अंशु यादव मायके आ गई। अंशु ने बताया कि उसकी जहां शादी हुई थी, वहां अब संबंध शेष नहीं है। इस बीच उसने एसआई परीक्षा के लिए आवेदन किया, जिसमें निवास प्रमाणपत्र लगाना है। जिसके लिए उसने अपने मायके के पते से आवेदन किया। जिसके बाद संबंधित हलका लेखपाल बृजेश ने उक्त आवेदन को ये कारण बताते हुए अस्वीकृत कर दिया कि जहां निवास करती हैं, वहां से आवेदन करें। इसके बाद अंशु शुक्रवार को तहसील में पहुंची और हंगामा करते हुए संबंधित हलका लेखपाल बृजेश पर आरोप लगाया कि 18 दिनों के बाद अब जाकर आवेदन को रद किया गया है। जिस पर लेखपाल ने कहा कि दोनों पक्ष तहसीलदार के सामने चलकर बात रखते हैं। जिस पर महिला ने थप्पड़ मारने का इशारा किया। इस पर लेखपाल सहित वहां मौजूद अन्य लोगों ने ऐसा करने से मना किया तो महिला ने अपना चप्पल निकाल लिया और लेखपाल पर तान दिया। इसके बाद माहौल गर्म हो गया। ऐसा करते हुए जब पत्रकारों आदि ने वीडियो बनाने लगे तो उक्त महिला उनके भी मोबाइल छीनने का प्रयास करने लगी। इसके बाद तहसीलदार के यहां गई। लेखपाल बृजेश ने बताया कि महिला की शादी अन्यत्र हुई है। लेकिन आवेदन मायके से किया है। ऐसे में किस आधार पर महिला का निवास प्रमाणपत्र यहां से बनाया जा सकता है। इधर जब महिला तहसीलदार कार्यालय से बाहर निकली तो फिर से इसी बात पर चप्पल निकालकर लेखपाल पर तान दिया। फिर बात हुई तो तीसरी बार चप्पल निकालकर लेखपाल पर तान दिया और मौजूद लोगों ने इसका विरोध किया। हालांकि महिला होने के चलते वो लेखपाल बृजेश को ही वहां से हटाकर सभागार में ले गए तो महिला पीछे-पीछे चप्पल लेकर पहुंच गई और दरवाजे को धक्का देकर खोलने लगी। बाद में जब अन्य लोगों व लेखपालों ने ऐसा करने से मना किया तो उन पर भड़क गई कि बीच में मत पड़ो। इसके बाद लेखपाल द्वारा महिला के घर फोन कर पूरे घटना की जानकारी दी गई तो महिला वहां से कहीं चली गई। बहरहाल, इस घटना के बाद लेखपालों में आक्रोश व्याप्त है। लेखपाल संघ के तहसील अध्यक्ष राहुल सिंह ने बताया कि पूरा मामला संज्ञान में है। जब महिला की शादी अन्यत्र हो चुकी है तो लेखपाल द्वारा ‘जहां रहती हैं, वहां से आवेदन करें’ का कारण बताकर आवेदन रद करना किस आधार पर गलत है। वहीं लेखपाल बृजेश ने बताया कि जांच करने के बाद पता चला कि शादी होने के कारण महिला अंशु वर्तमान में अपने मायके में नहीं रहती है। इसी वजह से नियमानुसार सैदपुर तहसील से उसका निवास प्रमाणपत्र जारी नहीं किया जा सकता। फिलहाल, जिस तरह की अभद्रता महिला द्वारा की गई है, उसमें उनके खिलाफ कार्यवाही को लेकर आपस में चर्चा की जा रही है। वहीं इस मामले में अंशु ने बताया कि जहां उनकी शादी हुई थी, वहां से संबंध खत्म हो गया है। इसी वजह से मैंने मायके से आवेदन किया था। वहीं इस बाबत तहसीलदार हिमांशु सिंह ने बताया कि महिला व लेखपाल कार्यालय में आए थे तो वहां बातचीत कर भेज दिया गया था।
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